तुम्हे देखकर ना जाने मुझे क्या हो गया होगा ,
तुमने केवल हंस दिया मै मद होश हो गया .
पहली मुलाक़ात में तुमने ने मुझसे कह दिया
कुछ कहो, फिर तुमने धीरे से हंस दिया
मै समझा की कोई , मुझे अपना मिल गया
तुमने यूँ मुझे दोस्त समझा ,मै इससे डर गया
मैंने अपने मन को समझाया की कोई नही,
प्यार ना सही कम से कम अच्छा दोस्त मिल गया ...
.................................................आशू शुक्ल